17/05/2026
*उचेहरा रेलवे स्टेशन में अलग से आरक्षण खिड़की,वाटर फिल्टर लगेगा*
*परामर्शदात्री समिति के सदस्य सोमचंद ताम्रकार के दिए गए सुझाव पर सचिव डीआरयूसीसी एवं रेल प्रबंधक जबलपुर ने दी सहमति*
सतना। जबलपुर रेल मंडल के डीआरएम कार्यालय में मंडल रेल उपयोगकर्ता सलाहकार समिति (डीआरयूसीसी) की 154वीं बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में सतना, मैहर एवं रीवा समेत कुल 9 डीआरयूसीसी सदस्य उपस्थित रहे। बैठक की अध्यक्षता मंडल रेल प्रबंधक कमल कुमार तलरेजा ने की। डीआरएम श्री तलरेजा ने अपने संबोधन में मंडल में उपलब्ध कराई जा रही यात्री सुविधाओं तथा अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत स्टेशनों पर चल रहे विकास कार्यों की विस्तृत जानकारी दी। इसके उपरांत वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक डॉ. मधुर वर्मा ने पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से मंडल की उपलब्धियों एवं यात्रियों को प्रदान की जा रही विभिन्न सुविधाओं का विस्तार से विवरण प्रस्तुत किया तथा यात्री सुविधाओं के सतत विकास हेतु सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता पर बल दिया। इस दौरान सभी परामर्शदात्री समिति के सदस्यों से सुझाव मंगवाए गए थे जिसमें उचेहरा परामर्शदात्री समिति के सदस्य सोमचंद ताम्रकार द्वारा उचेहरा स्टेशन के विकास को लेकर कुछ सुझाव दिए गए थे जिसमें वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक डॉ. मधुर वर्मा द्वारा पत्र के माध्यम से 4 बिंदुओं पर सहमति व्यक्त की है। इसमें शामिल है स्टेशन में आरक्षण खिड़की अलग खोले जाने के सुझाव पर सहमति दी गई है वहीं दूसरा उंचेहरा स्टेशन पर मझकपा की ओर फुट ओवर ब्रिज के विस्तार पर प्रस्ताव तैयार कराकर इसे अम्ब्रेला कार्यों के अंतर्गत स्वीकृत प्रदान करने कहा गया है। इसके अलावा स्टेशन में पेयजल व्यवस्था हेतु वाटर फिल्टर सुविधा करने के सुझाव पर सीएसआर के अंतर्गत संभावना तलाश कर कार्य कराए जाने की सहमति मिली है। स्टेशन मास्टर चैम्बर एवं यात्री प्रतिक्षालय में पुरानी बिजली फिटिंग हटाकर नए आधुनिक सिस्टम की विद्युत व्यवस्था कराए जाने की भी सहमति मिली है। हालांकि इसके अलावा महाकौशल एक्सप्रेस और इतवारी के उचेहरा में स्टॉपेज की मांग पर असहमति मिली है जिसके प्रत्युत्तर में जवाब मिला है कि यहां 9 जोड़ी गाड़ियों का स्थानक है और औसत आय प्रतिदिन प्रति गाड़ी रुपये 1872 रुपए- है। रेलवे बोर्ड की नीति के अनुसार मेल/एक्सप्रेस ट्रेन के दो मिनट के ठहराव के लिए न्यूनतम खर्च रू 16,672रुपए- होना आवश्यक है इसलिए अतिरिक्त गाड़ियों का ठहराव देना वाणिज्यिक रूप से व्यवहार्य नहीं है।
*पूर्व में की गई मांग पर अभी भी अमल नहीं*
उचेहरा रेलवे स्टेशन के दोनों प्लेटफार्म पर कोच डिस्प्ले बोर्ड नहीं हैं। ट्रेन के जनरल, आरक्षित और एसी कोच में यात्रा करने वाले यात्रियों को बोगी ढूंढना पड़ता है। एक्सप्रेस ट्रेन स्टेशन पर महज 2 से 3 मिनट ही रुकती है। इस दौरान अपनी बोगी की सही जानकारी नहीं होने पर यात्री परेशान होते हैं।अपने साथ लगैज लिए यात्रियों को प्लेटफार्म पर आगे पीछे भागना पड़ता है इस विषय पर भी पूर्व में श्री ताम्रकार द्वारा मांग की गई थी पर अभी इस पर किसी भी तरह की सहमति नहीं है।
*अनुपम दाहिया*
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